बिहार के कृषि मंत्री राम कृपाल यादव ने शुक्रवार को राज्य के सभी जिला कृषि पदाधिकारियों के साथ वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से वित्तीय वर्ष 2025-26 के अंतर्गत स्वीकृत विभिन्न कृषि योजनाओं की प्रगति की व्यापक समीक्षा की। इस दौरान उन्होंने योजनाओं के समयबद्ध, पारदर्शी और प्रभावी क्रियान्वयन में किसी भी प्रकार की लापरवाही या शिथिलता को बर्दाश्त न करने की सख्त चेतावनी दी, जिसका मुख्य उद्देश्य किसानों तक सरकारी योजनाओं का शत-प्रतिशत लाभ सुनिश्चित करना है।
समीक्षात्मक बैठक में प्रधान सचिव, कृषि विभाग, बिहार नर्मदेश्वर लाल, कृषि निदेशक, सौरभ सुमन यादव, उद्यान निदेशक, अभिषेक कुमार तथा विभाग के अन्य वरीय अधिकारी भी उपस्थित थे। मंत्री ने स्पष्ट किया कि सरकार की सर्वोच्च प्राथमिकता किसानों तक योजनाओं का लाभ निर्धारित समय सीमा में पहुँचाना है। उन्होंने दृढ़ता से कहा, किसी भी स्तर पर शिथिलता, विलंब या लापरवाही स्वीकार्य नहीं होगी। वित्तीय वर्ष की समाप्ति से पूर्व स्वीकृत राशि का लक्ष्य के अनुरूप शत-प्रतिशत उपयोग सुनिश्चित किया जाए, ताकि किसानों को योजनाओं का पूर्ण लाभ प्राप्त हो सके।
मंत्री ने सख्त चेतावनी देते हुए कहा कि योजनाओं के क्रियान्वयन में उदासीनता बरतने वाले पदाधिकारियों के विरुद्ध कठोर प्रशासनिक कार्रवाई की जाएगी। उन्होंने जोर दिया कि यदि किसानों को लाभ पहुँचाने में किसी स्तर पर बाधा उत्पन्न होती है, तो संबंधित अधिकारियों की जवाबदेही तय करते हुए अनुशासनात्मक कदम उठाए जाएंगे।
उन्होंने सभी जिला कृषि पदाधिकारियों को निर्देशित किया कि योजनाओं की नियमित समीक्षा करें तथा प्रगति की अद्यतन रिपोर्ट समय-समय पर राज्य मुख्यालय को उपलब्ध कराएँ। लाभुक चयन, स्वीकृति, भुगतान एवं कार्यान्वयन की प्रक्रियाओं को सरल, पारदर्शी और त्वरित बनाते हुए अनावश्यक विलंब समाप्त करने पर विशेष जोर दिया गया। मंत्री ने जिला एवं प्रखंड स्तर पर मॉनिटरिंग तंत्र को और सुदृढ़ करने का निर्देश देते हुए कहा कि यह सुनिश्चित किया जाए कि कोई भी फाइल लंबित न रहे और योजनाओं का लाभ अंतिम किसान तक समय पर पहुँचे।
कृषि मंत्री ने अधिकारियों से अपेक्षा की कि वे संवेदनशीलता, उत्तरदायित्व एवं पूर्ण पारदर्शिता के साथ कार्य करते हुए सरकार के निर्धारित लक्ष्यों को समयसीमा के भीतर पूरा करें। उन्होंने दोहराया कि किसानों के हित सर्वोपरि हैं और योजनाओं के सफल क्रियान्वयन में किसी प्रकार की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी।